पार्श्व मीठा छे, प्रभु पार्श्व मीठा छे ...
वामादेवी ना कुखे जन्म्या नाना राजकुमार
अश्वसेनराया ना हैये आनंद नो नही पार
काशीदेशे वाराणसी मां लोक गाये गीत-गान
Library > पार्श्व भक्ति
25 June, 2025
24 June, 2025
मारी आंखोमां शंखेश्वर आवजो रे हूं तो पांपणना पुष्प
वधातुं मारा हैयाना हार बनी आवजो ...
तमे वामादेवीना जाया, त्रण लोकमां आप छवाया मारा
मनना मंदिरमां पधारजो ...
24 June, 2025
शंखेश्वर का नाथ है हमारा तुम्हारा
पार्श्व प्रभु के दर्शन पावे जीवन हो सुखकारी
शंखेश्वर का नाथ ...
कैसी सुन्दर काया भक्तो के मन भाये
11 October, 2023
दर्शन दे देना,
आंखे बन्द करू या खोलू
पारस दर्शन दे देना ॥
मैं नाचित हूं बन्दा तेरा,
11 October, 2023
जय पार्श्व हरे
जय पार्श्व हरे, जय पार्श्व हरे दुखियों दुख के दूर करे
जय जय जय पार्श्व हरे।
जब चारों तरफ अंधियारा हो, आशा का दूर किनारा हो
11 October, 2023
सुन्दर मंदिर पार्श्वन म्हाने व्हालो लागे रे,
व्हालो लागे,व्हालो लागे व्हालो लागेरे...
मूल गंभारे पार्श्वनो रे, सुंदर मूरत श्याम
ऊपर चोर्मुखजीविराजे, प्रति वर्ष को ठाठरे
11 October, 2023
जिन पार्श्वनाथ के सुमिरन से मिटता भव भव फेरा
है वंदन उनको मेरा
जहां धर्म ध्यान और विश्व शांति का निश दिन रहता डेरा
है वंदन उनको मेरा
11 October, 2023
मोरा पार्श्व प्रभु नल प्यार हो गया,
भइयों सच्ची मुच्ची, हो भइयों सच्ची मुच्ची
मोरा पार्श्व प्रभु
अहो वामा देवी का प्यारा हो प्यारा
10 October, 2023
जो पारस को याद करें, वो लोग निराले होते हैं.
जो पारस का नाम पुकारे वो किस्मत बाले होते है
चलो बुलावा आया है पारस ने बुलाया हैं २
ओ पार्श्व प्रभुवर के चरणों में भक्ति करने आया है
10 October, 2023
हे केशरिया पार्श्वप्रभु एक अरज सुनले ना
मुझमें जितने अवगुण है 2 बल्दी दूर कर देना
जगभग 2 ज्योति बरसे झलके अमीरस धारा है
रुप अनोपम नीरखी बिक से अंतरभाव हमारा है

